गुरुग्राम। एसयूसीआई (कम्युनिस्ट) के प्रतिनिधिमंडल ने महामहिम राष्ट्रपति के नाम सीटीएम को ज्ञापन सौंपकर मांग की है कि मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) को तत्काल बर्खास्त किया जाए और पूरी एसआईआर प्रक्रिया पर रोक लगाई जाए। राज्य सचिव कामरेड राजेंद्र सिंह ने कहा कि 23 सितंबर को इंडियन एक्सप्रेस द्वारा एसआईआर प्रक्रिया पर किए गए खुलासों ने आम जनता और लोकतांत्रिक देशवासियों के बीच चुनाव आयोग की निष्पक्षता और सत्यनिष्ठा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि तीन में से दो चुनाव आयुक्तों ने एसआईआर के विभिन्न पहलुओं पर अपनी गंभीर आपत्तियां दर्ज कराई थीं। इसके बावजूद मौजूदा कानूनों को ताक पर रखकर सीईसी ने भाजपा के पक्ष में तथा विभिन्न राज्यों में उसकी चुनावी जीत सुनिश्चित करने के वास्ते तमाम निर्णय एकतरफा तरीके से लिए। यह देश की जनतांत्रिक संस्थाओं पर एक खुला फासीवादी हमला है। उन्होंने मांग की है कि सीईसी को उनके पद से तत्काल बर्खास्त किया जाए, विवादित एसआईआर प्रक्रिया पर तुरंत रोक लगाई जाए और एसआईआर के जरिए मतदाता सूचियों से हटाए गए 13 करोड़ मतदाताओं के नाम पुन: बहाल किए जाएं। ज्ञापन सौंपने वालों में शेर सिंह, पवन कुमार, अजय सिंह, सुरेंद्र कुमार, अजय कुमार, अमित कुमार, हरिओम सिंह, अमर सिंह, कृष्ण कुमार यादव, दीपराज सहित आदि उपस्थित रहे।
सीईसी को बर्खास्त करने की मांग को लेकर एसयूसीआई ने राष्ट्रपति के नाम प्रशासन को सौंपा ज्ञापन

