गुरुग्राम। नगरपालिका कर्मचारी संघ हरियाणा सम्बद्ध सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा के आह्वान पर नगर निगम के पुराने कार्यालय के गेट के समक्ष इकाई प्रधान बसंत कुमार की अध्यक्षता में छठे दिन बुधवार को भी कर्मचारियों की हड़ताल जारी रही। लंबित पड़ी मांंगे पूरी नहीं होने पर कर्मचारी सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए दिखाई दिए और तानाशाही करने व हठधर्मिता का आरोप भी लगाया। कर्मचारी नेताओं राजेंद्र सिंह, साहुन खान, सुशीला देवी, महेश कुमार, सुरेश नोहरा, धर्मेंद्र जिंगला, राजेश कुमार, सम्मी बोहत, कैलाश कुमार संगेलिया, सुरेंद्र बालगूहेर आदि ने कहा कि प्रदेश सरकार अग्रिशमन व सफाई कर्मचारियों के साथ भेदभाव की नीति अपना रही है। नवम्बर 2024 को जींद में महर्षि वाल्मीकि जी के प्रगट दिवस पर प्रदेश सरकार द्वारा ग्रामीण सफाई कर्मचारी को 26 हजार और शहरी सफाई कर्मचारी को 27 हजार वेतन देने की घोषणा की गई थी, जो अभी तक नहीं बढ़ाई गई, कच्चे कर्मचारियों को पक्का नहीं किया गया। कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर हड़ताल पर हैं, लेकिन सरकार की कान पर जूं तक नहीं रैंग रही। उन्होंने कहा कि मृतकों भवी चंद शर्मा व रणवीर के परिजनों को एक करोड़ का मुआवजा, सरकारी नौकरी मुहैय्या कराई जाए। प्रदेश सरकार 27 व 31 दिसंबर 2025 के उच्च न्यायालय के फैसले को लागू करते हुए कच्चे कर्मचारियों को पक्का करना चाहिए व समय रहते कर्मचारियों की न्याय उचित मांगों का समाधान करना चाहिए था। कर्मचारियों को ज्ञान चंद, भारत कागड़ा, योगपाल, सीमा देवी, मीनू, तेजपाल, रविंदर, अनीता देवी, कमला देवी, दीपा, सोनिया देवी, अनीता देवी, गब्बर सिंह, बालकिशन, धर्मपाल, रीना आदि ने संबोधित किया। हड़ताल में पिंकी देवी, कैलाश, दया गुर्जर, मनजीत, बंटी, दीपक जोयल, अशोक कुमार, सुमित कुमार, जयपाल संगेलिया, जितेंद्र, सतबीर कुलदीप, रवि टांक आदि शामिल रहे।
लंबित पड़ी मांगों को लेकर नगरपालिका कर्मचारियों की हड़ताल छठे दिन भी जारी

