गुरुग्राम। कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) पहल के तहत मारुति सुजुकी ने गुरुग्राम में इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (आईटीएमएस) के बड़े पैमाने पर विस्तार की घोषणा की है। पहले चरण की शानदार सफलता के बाद अब परियोजना के दूसरे चरण को आगे बढ़ाया जा रहा है। मारुति सुजुकी के सीनियर एग्जीक्यूटिव ऑफिसर राहुल भारती ने कहा कि यह उन्नत तकनीक बिना हेलमेट वाहन चलाना, तीन सवारी बैठाना, रेड लाइट जंप करना, तेज गति से वाहन चलाना और गलत दिशा में ड्राइविंग जैसे उल्लंघनों की सटीक पहचान करती है, जिससे सडक़ सुरक्षा और जिम्मेदार ड्राइविंग को बढ़ावा मिलेगा। पुलिस आयुक्त सिबाश कबिराज ने कहा कि इस उन्नत प्रणाली से यातायात नियमों के उल्लंघन पर नजर रखने और समय पर कार्रवाई करने की क्षमता में और अधिक मजबूती आएगी। गुरुग्राम मेट्रोपॉलिटन डेवलपमेंट अथॉरिटी (जीएमडीए) के सीईओ पीसी मीणा ने बताया कि इस नेटवर्क को जीएमडीए के इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से जोड़े जाने से रीयल-टाइम निगरानी और अधिक प्रभावी होगी, जिससे सभी यात्रियों के लिए सडक़ें सुरक्षित बनेंगी। राहुल भारती का कहना है कि दूसरे चरण के तहत 9 प्रमुख सडक़ों के लगभग 70 जंक्शनों पर 1,000 अतिरिक्त कैमरे और रडार सिस्टम लगाए जाएंगे, जो कुल 65 किलोमीटर के क्षेत्र को कवर करेंगे। इसके साथ ही मारुति सुजुकी द्वारा लगाए गए कैमरों और रडार सिस्टम की कुल संख्या बढक़र 1,400 हो जाएगी, जो कुल 93 जंक्शनों और 13 प्रमुख सडक़ों की निगरानी करेंगे। इस परियोजना को सफलतापूर्वक लागू करने के लिए मारुति सुजुकी ने जीएमडीए और पुलिस के साथ साझेदारी की है।
सडक़ सुरक्षा और यातायात प्रबंधन को मजबूत बनाने के लिए मारुति सुजुकी ने बढ़ाई आईटीएमएस की ताकत

